रुड़की। उत्तराखंड राज्य स्थापना की रजत जयंती (25वीं वर्षगांठ) के अवसर पर हरिद्वार विश्वविद्यालय में “विज्ञान उत्सव” (Vigyan Utsav) का भव्य शुभारंभ हुआ। यह आयोजन राज्य की वैज्ञानिक उपलब्धियों, नवाचार भावना और शैक्षणिक उत्कृष्टता को समर्पित है।

विश्वविद्यालय प्रशासन के अनुसार, यह उत्सव एक सप्ताह तक चलेगा, जिसमें विभिन्न विभागों द्वारा एक्सपर्ट लेक्चर, वर्कशॉप, प्रदर्शनी, सेमिनार, प्रतियोगिताएं और सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है। कार्यक्रमों का उद्देश्य विद्यार्थियों में वैज्ञानिक दृष्टिकोण, अनुसंधान प्रवृत्ति और सृजनात्मकता को बढ़ावा देना है।
विश्वविद्यालय के अध्यक्ष सी.ए. एस.के. गुप्ता ने बताया कि छात्र-छात्राएं पूरे उत्साह और जोश के साथ सभी कार्यक्रमों में भाग ले रहे हैं। उन्होंने कहा कि “यह आयोजन विद्यार्थियों के व्यक्तित्व विकास और ज्ञान वृद्धि का एक सुनहरा अवसर प्रदान करेगा।”

विभिन्न विभागों के प्रमुख — डॉ. हिमांशु वर्मा, डॉ. एकता जैन, डॉ. रोहित कुमार, डॉ. हरी हरा सुधान, डॉ. मनीष छावा, डॉ. प्रज्वल चौधरी और डॉ. जिया संजीव — ने अपने-अपने विभागों की गतिविधियों की जानकारी साझा की और छात्रों को सक्रिय भागीदारी के लिए प्रेरित किया।
प्रो. वाइस चांसलर डॉ. आदेश के. आर्य ने कहा कि “हरिद्वार विश्वविद्यालय के शिक्षक और विद्यार्थी उत्तराखंड के सतत विकास और वैज्ञानिक उन्नति में महत्वपूर्ण योगदान दे रहे हैं। विज्ञान उत्सव प्रदेश की नई पीढ़ी को शोध और नवाचार की दिशा में आगे बढ़ने की प्रेरणा देगा।”
यह विज्ञान उत्सव उत्तराखंड राज्य की 25 वर्षों की गौरवशाली यात्रा को नमन करते हुए युवाओं में विज्ञान, तकनीकी ज्ञान और रचनात्मकता के प्रति नई ऊर्जा और उत्साह का संचार कर रहा है।


