हरिद्वार। सोनी रोड़।हरिद्वार विश्वविद्यालय के फार्मेसी कॉलेज में नेशनल फार्मेसी वीक का शुभारम्भ सोमवार को दीप प्रज्वलन के साथ किया गया। सप्ताहभर चलने वाला यह आयोजन फार्मेसी पेशे के महत्व, समाज में इसकी भूमिका और हेल्थकेयर में इसके व्यापक योगदान को रेखांकित करने के लिए समर्पित है।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि ब्डै गवर्नमेंट हॉस्पिटल रुड़की के डॉ. संजय कंसल, विश्वविद्यालय के अध्यक्ष सीए एस.के. गुप्ता, तथा प्रो-वाइस चांसलर प्रो. (डॉ.) आदेश के. आर्य सहित वरिष्ठ प्रोफेसर उपस्थित रहे।
मुख्य अतिथि डॉ. कंसल ने वैक्सीनेशन के महत्व पर विस्तार से प्रकाश डालते हुए कहा कि टीकाकरण व्यक्तिगत स्वास्थ्य के साथ-साथ सामुदायिक सुरक्षा के लिए अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने छात्रों से स्वास्थ्य जागरूकता अभियानों में सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया।
अध्यक्ष एस.के. गुप्ता ने फार्मेसी क्षेत्र में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के बढ़ते उपयोग पर बात करते हुए कहा कि भविष्य उन्हीं छात्रों का है, जो तकनीक आधारित नवाचार को अपनाएंगे।
प्रो-वाइस चांसलर डॉ. आदेश के. आर्य ने कहा कि फार्मासिस्ट केवल दवाइयाँ प्रदान करने वाले विशेषज्ञ नहीं, बल्कि हेल्थकेयर सिस्टम की रीढ़ हैं। उन्होंने कहा, “पेशेंट सेफ्टी, ड्रग अवेयरनेस, रेशनल यूज ऑफ मेडिसिन और सामुदायिक स्वास्थ्य में फार्मासिस्ट की जिम्मेदारी बेहद अहम है।” उन्होंने विद्यार्थियों से रिसर्च, क्लिनिकल ज्ञान, ड्रग सेफ्टी और पब्लिक हेल्थ पर विशेष ध्यान देने की अपील की।
कार्यक्रम में फार्मेसी विभाग के डॉ. हरि हरा (प्रिंसिपल), डॉ. रोहित कुमार, सुमित चौहान (रजिस्ट्रार), डॉ. विपिन सैनी, डे. जिया सजिव (नर्सिंग प्रिंसिपल) सहित प्रोफेसर—विशाल बलियान, सुमिता मनहास, सोफिया अंसारी, साक्षी, रजत सैनी, शालिनी शर्मा, काजल तथा विश्वविद्यालय के सभी संकाय सदस्य और छात्र उपस्थित रहे।


